24 Jun 2023

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मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि प्रदेश में खेलों के लिए अच्छा माहौल तैयार करने के लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। नई-नई खेल अकादमियां शुरू हो रही हैं। खिलाड़ियों के खेल कौशल को बढ़ाने के लिए विश्व स्तरीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक दिवस पर आज अपने निवास में आयोजित खिलाड़ियों के सम्मान समारोह में इस आशय के विचार व्यक्त किए। उन्होंने समारोह में गुजरात में आयोजित 36वें राष्ट्रीय खेल में पदक जीतने वाले राज्य के खिलाड़ियों को सम्मानित किया। कार्यक्रम में इन खेलों मे भाग लेने वाले खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों और टीम प्रबंधकों को भी सम्मानित किया गया। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष श्री कुलदीप जुनेजा, छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के महासचिव श्री देवेन्द्र यादव, रायपुर नगर निगम के पूर्व महापौर श्री गजराज पगारिया और छत्तीसगढ़ ओलंपिक संघ के पदाधिकारी भी समारोह में उपस्थित थे।   

24 Jun 2023 05:06AM,
by: Tikendra Sinha
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परिवहन मंत्री मोहम्मद अकबर के निर्देशों के परिपालन में परिवहन विभाग ने छत्तीसगढ़ में अब ड्राइविंग लाइसेंस का नवीनीकरण कराने, ड्राइविंग लाइसेंस में पता परिवर्तन कराने, ड्राइविंग लाइसेंस कार्ड ख़राब हो जाने, ड्राइविंग लाइसेंस को सरेंडर करने के लिये परिवहन कार्यालय आने की अनिवार्यता ख़त्म कर दी है। तकनीकी रूप से समाधान निकालते हुए ऐसे सभी आवेदन जो आधार प्रमाणीकरण के साथ आवेदन कर रहे हैं, उन आवेदनों का सॉफ़्टवेयर के द्वारा स्वतः ही ऑटो अप्रूवल हो जायेगा। जिससे आरटीओ स्टाफ का वेरिफिकेशन और आरटीओ की अप्रूवल की आवश्यकता नहीं होगी। ऑटो अप्रूवल होते ही आवेदक के मोबाइल में एसएमएस आ जाएगा और अगले दिन ड्राइविंग लाइसेंस को स्पीड पोस्ट से आवेदक के दिए गए पते पर भेज दिया जाएगा। 

24 Jun 2023 05:06AM,
by: Tikendra Sinha
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कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे ने आज एनआईटी में एचसीएल फांउडेशन द्वारा पर्यावरण संरक्षण में स्वयं सेवी संस्थाओं की भूमिका पर आयोजित अखिल भारतीय सेमीनार में शिरकत की। इस सेमीनार का विषय भारत में जलवायु और पर्यावरण परिवर्तन की चुनौतियां और स्वयं सेवी संस्थाओं की भूमिका था। सेमीनार को संबोधित करते हुए कलेक्टर डाॅ. भुरे ने कहा कि मौसम और पर्यावरण परिवर्तन के इस दौर में सरकार तथा स्वयं सेवी संस्थाएं एक-दूसरे के सहयोगी के रूप में काम कर रहे है। गैर सरकारी संस्थाएं इस दिशा में सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों, कार्यक्रमों और नीतियों को लागू करने के लिए मदद्गार साबित हो रही है। डाॅ. भुरे ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए लोग अब ज्यादा जागरूक हो गये है। पहले की अपेक्षा माहौल भी बदल रहा है। सरकारी तंत्र भी अब पहले की अपेक्षा स्वयं सेवी संगठनों के साथ काम करने में अधिक अनुकूल हुए है। पर्यावरण नीति, पर्यावरण को बचाने जन भागीदारी से लेकर दूसरे स्थानीय मुद्दों पर भी अब लोग स्वयं सेवी संस्थाओं के माध्यम से अपनी राय सरकार को दे रहें हैं। डाॅ. भुरे ने कहा कि इससे स्थानीय स्तर पर पर्यावरण संबंधी समस्याओं को हल करने में स्थानीय लोगों की मद्द भी मिल रही है। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के लिए काम करने वाली कुछ गैर सरकारी संस्थाओं का उदाहरण दिया और पर्यावरण संबंधी योजनाओं को लागू करने में जन अपेक्षाओं तथा सामाजिक कल्याण को ध्यान में रखने पर भी जोर दिया। 

24 Jun 2023 05:06AM,
by: Tikendra Sinha