कानून का शासन लोकतंत्र का सार है: न्यायमूर्ति नागरत्ना

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सर्वोच्च न्यायालय की न्यायाधीश न्यायमूर्ति बी.वी. नागरत्ना ने इस बात पर ज़ोर दिया कि कानून का शासन लोकतंत्र का सार है, और याद दिलाया कि अदालतों का यह कर्तव्य है कि वे इसे "बिना किसी भय या पक्षपात, स्नेह या द्वेष के" लागू करें। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि भारत की स्वतंत्र न्यायपालिका इस सिद्धांत के संरक्षण में आधारशिला रही है।


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