जन विश्वास विधेयक 2026 लोकसभा से पास हुआ

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लोकसभा ने जन विश्वास (प्रावधान संशोधन) विधेयक, 2026 पारित कर दिया, जो भारत में छोटे अपराधों को अपराध की श्रेणी से बाहर करने और व्यापार करने में सुगमता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण विधायी कदम है। ध्वनि मत से पारित इस विधेयक में 23 अलग-अलग मंत्रालयों द्वारा प्रशासित 79 केंद्रीय अधिनियमों के 784 प्रावधानों में व्यापक परिवर्तन प्रस्तावित हैं।

इस विधेयक का मुख्य उद्देश्य धारा 717 के प्रावधानों को अपराध की श्रेणी से बाहर करना है, जिसके तहत मामूली, तकनीकी या प्रक्रियात्मक चूक के लिए संभावित कारावास की जगह नागरिक दंड, आर्थिक जुर्माना या औपचारिक चेतावनी का प्रावधान है। सदन को संबोधित करते हुए वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने इस बात पर जोर दिया कि यह सुधार विश्वास की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए बनाया गया है।

गोयल ने कहा, "यह विधेयक जनता पर सरकार के भरोसे को दर्शाता है। औपनिवेशिक काल के कानूनों को समाप्त करके हम यह सुनिश्चित करते हैं कि नागरिकों और व्यवसायों को अब छोटी-छोटी बातों के लिए भी अदालतों का सामना न करना पड़े।"


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