केरल : मतदान के आंकड़ों में देरी से राजनीतिक विवाद

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केरल के विपक्ष के नेता और कांग्रेस नेता सतीशान ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लिखे एक पत्र में बताया कि 9 अप्रैल को मतदान समाप्त होने के तीन दिन बीत जाने के बावजूद, निर्वाचन क्षेत्रवार मतदान डेटा, निर्वाचन क्षेत्रवार मतदान प्रतिशत और डाक मतपत्रों के आंकड़े सहित विस्तृत और प्रामाणिक आंकड़े चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध नहीं हैं। उन्होंने लिखा, “ऐसी जानकारी का शीघ्र प्रकाशन पारदर्शिता सुनिश्चित करने, जनता की जांच को सक्षम बनाने और चुनावी प्रक्रिया में विश्वास बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है।” उन्होंने आयोग से आग्रह किया कि वह बिना किसी देरी के संपूर्ण चुनाव डेटा प्रकाशित करने के लिए तत्काल कदम उठाए।

केरल विधानसभा चुनाव में हाल ही में संपन्न हुए चुनावों में अनंतिम मतदान प्रतिशत 79.63% रहा, जिसमें अभी सेवा क्षेत्र के मतदाताओं के वोटों की गिनती बाकी है। यह घोषणा सीपीआई (एम) और कांग्रेस सहित राजनीतिक दलों की इस आलोचना के बाद आई है कि भारतीय चुनाव आयोग (ईसीआई) द्वारा राज्य में अंतिम मतदान के आंकड़े समय पर प्रकाशित नहीं किए जा रहे थे। राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी रतन यू केलकर ने यह जानकारी दी।


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