27 Jan 2021

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मुख्यमन्त्री भूपेश बघेल ने कहा कि छत्तीसगढ़ में हमने स्वास्थ्य सुविधाओं के विकास को भी ऐसे अधोसंरचना विकास के रूप में देखा जिसमें पहुंच की भूमिका ज्यादा हो। इस तरह हमने विद्यमान स्वास्थ्य केन्द्रों में ज्यादा अवधि तक कार्य करने, ज्यादा सुविधाएं जुटाने और ज्यादा मरीजों के लिए आवश्यक सुविधाएं मुहैया कराने की रणनीति अपनाई। हमारी इसी तैयारी की वजह से कोरोना संकट के दौरान लोगों को राहत देने और उपचार की व्यवस्था संभव हुई। कोरोना की विशेष जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अस्पतालों का उन्नयन और सेवाओं का विस्तार तत्परता से करना संभव हुआ। राज्य की सामाजिक, आर्थिक परिस्थितियों में मरीजों का सही समय पर अस्पताल नहीं पहुंच पाना भी बड़ी समस्या थी, जिसके समाधान के लिए हमने समुदायों और लोगों के घरों तक पहुंचने की रणनीति अपनाई। इस तरह मुख्यमंत्री हाट-बाजार क्लीनिक योजना का विस्तार शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना, दाई-दीदी मोबाइल क्लीनिक योजना, मिनीमाता डायग्नोस्टिक सेंटर योजना आदि स्वरूपों में जांच व उपचार की सुविधाएं जन-जन व घर-घर तक पहुंचीं। डाॅ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य योजना तथा मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य योजना से स्वास्थ्य सुविधाओं को घर तक पहुंचाने की रणनीति

27 Jan 2021 07:36AM,
by: Imran Khan
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मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि सार्वजनिक धन तथा मरीजों को बीमा योजनाओं के जंजाल से निकालते हुए हमने डाॅ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य योजना तथा मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य योजना शुरू की, इस तरह सामान्य बीमारियों से लेकर दुर्लभ बीमारियों तक के निःशुल्क इलाज की व्यवस्था की गई और बहुत से मरीजों को 20 लाख रूपए तक निःशुल्क इलाज की सुविधा से नया जीवन मिला। हमारी इस पहल की सराहना भी राष्ट्रीय स्तर पर हुई है। मलेरिया मुक्त बस्तर अभियान की रणनीतिक सफलता का परिणाम एक वर्ष में 65 प्रतिशत मलेरिया नियंत्रण है। अब इसी प्रकार सघन अभियान से सरगुजा तथा समूचे छत्तीसगढ़ को भी मलेरिया मुक्त बनाया जाएगा। मरीजों को मिला नया जीवन

27 Jan 2021 07:35AM,
by: Imran Khan