04 Mar 2021

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बलरामपुर : रंगों का त्यौहार होली आने वाला है, गुजरते ठण्ड और हल्की गर्मी भी मानों रंगों के त्यौहार के आगमन का संकेत दे रही है। रंगों का यह पर्व हमें प्रकृति के और करीब लेकर जाता है तथा रंग-गुलाल के साथ इसे मनाने की परम्परा है। बलरामपुर की महिला समूहों ने इस बार होली का त्यौहार नये ढंग से मनाने की तैयारी है। जहां एक ओर बाजार में रासायनिक रंग-गुलाल उपलब्ध हैं वहीं इन महिलाओं ने पालक, चुकन्दर, सिन्दूर एवं हल्दी से हर्बल गुलाल तैयार किया है और कृत्रिम रंगों से इतर होली का त्यौहार इस बार प्राकृतिक रंगों से ही मनाने की बात कर रही हैं। प्राकृतिक रंगों की मांग को देखते हुए महिलाओं ने इसका विक्रय भी प्रारंभ किया है जिससे उन्हें अच्छी आय प्राप्त हुई है। महिलाओं ने पहले ही दिन हर्बल गुलाल के 150 डिब्बों का विक्रय कर लगभग 5 हजार की आय प्राप्त की है तथा आगे भी इसका विक्रय जारी रहेगा। प्राकृतिक रंग तैयार करने में जुटी ग्राम चितमा के जयंती खलखो ने बताया कि कृषि विज्ञान केन्द्र बलरामपुर के मार्गदर्शन में आदिवासी उपयोजनान्तर्गत 13 ग्रामों के महिला समूहों को तीन दिवसीय हर्बल गुलाल प्रसंस्करण पर प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण के दौरान पालक, चुकन्दर, सिन्दूर एवं हल्दी से हर्बल गुलाल तैयार करने की तकनीकी जानकारी देकर केन्द्र में ही गुलाल बनाना सिखाया गया। जयंती बताती हैं होली के त्यौहार में बाजार में गुलाल बेचे जाते हैं किन्तु हमें यह पता नहीं था कि पालक, चुकन्दर तथा सिन्दूर से भी रंग तैयार किये जा सकते हैं। कृषि विज्ञान केन्द्रों के वैज्ञानिकों ने हमें न केवल रंग बनाया सिखाया बल्कि इसकी पैकेजिंग तथा विक्रय हेतु भी सहयोग प्रदान कर रहे हैं। प्राकृतिक रंग बना रही एक और महिला झलरिया की सावित्री ने बताया कि होली के त्यौहार को देखते हुए हमने पर्याप्त मात्रा में रंग तैयार किये हैं तथा इसके विक्रय की व्यवस्था भी की गई है। उन्होंने कहा कि प्रशासन की पहल पर त्यौहार की खुशियों के बीच आर्थिक अवसर मिलने से हमारा मनोबल बढ़ा है। हमे इस बात की भी खुशी है कि केमिकल युक्त रंगों से अलग हम प्राकृतिक रंग तैयार कर रही हैं, जिसका शरीर पर कोई नाकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता है। सावित्री ने इस पहल के लिए प्रशासन को धन्यवाद देते हुए कहा कि आगे भी ऐसे आजीविकामूलक कार्यों का प्रशिक्षण महिलाओं को दिया जाये ताकि वे आर्थिक रूप से भी आत्मनिर्भर हो सके। कलेक्टर श्याम धावड़े एवं जिला पंचायत सी.ई.ओ. श्रीमती तुलिका प्रजापति ने स्टाॅल का अवलोकन कर महिलाओं का उत्साहवर्धन करते हुए उनसे गुलाल की खरीदी की। साथ ही उन्होंने कहा कि रंगोंत्सव को प्राकृतिक रंगों के साथ ही मनाया जाये ताकि स्वास्थ्य पर इसका प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।

04 Mar 2021 06:05AM,
by: Thaneshwar sahu
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रायपुर - रोड सेफ्टी वर्ल्ड क्रिकेट सीरीज नया रायपुर में होने जा रहा है । जिसको लेकर कडा इंतेज़ाम किया गया है। होटल के आसपास आम नागरिकों को प्रवेश प्रतिबंधित है,कोरोना के मद्देनजर सावधानीवश सचिन, सहवाग, लारा जैसे दिग्गज खिलाडिय़ों के ठहरने की जगहों पर आम नागरिकों का आना-जाना लगभग एक माह तक पूर्णरूप से प्रतिबंधित है। खिलाडिय़ों व अंपायर के लिए नवा रायपुर के मेफेयर होटल एवं लेक रिसॉर्ट में ठहरने की व्यवस्था की गई है। जिनकी सुरक्षा प्रशासन ने कडा इंतेजाम कर रखा है ।वही इनकी सुरक्षा मे तैनात पुलिसकर्मियों विषम परिस्थितियाँ मे डयूटी करने मुस्तैदी से डटे पुलिसकर्मी । कडी धूप के कारण विषम परिस्थितियों मे सड़कों पर ड्यूटी करने के दौरान पुलिसकर्मियों को परेशानी का सामाना करना पड़ रहा है। शहर का तापमान फरवरी - मार्च मे अप्रेल - मई की तपीश का अहसास दिला रहा है ,आने वाले दिनों में यह और भी बढऩे वाला है। ऐसे मे पुलिसकर्मियों को परेशानी उठानी पड़ रही है। दोपहर की कड़ी धूप में सड़क पर खड़े रहने से इससे उनके बीमार पडऩे का खतरा बढ़ गया है और इन्हे डिहाइड्रेशन की शिकायत हो सकती है। पुलिस के आला अफसरों को भी यह बात सता रही है। डियुटी मे तैनात टीआई दिनेश गायकवाड़ ने बताया कि वीआइपी सुरक्षा के साथ गर्मी भी चैलेंज है। इसके चलते जहां पर भी पुलिसकर्मिय ड्यूटी कर रहे है, वहां बैठने के लिए भी साधन जुटाने की आवश्यता नजर आ रही हैं।इसको लेकर आला अधिकारियो को अवगत कराया गया है , इसके साथ ही उन्हें ओआरएस का घोल और दूसरे खाद्य पदार्थ मुहय्या कराया जा रहा है, ताकि ड्यूटी के दौरान खुद को हाइड्रेट रख सकें।

04 Mar 2021 05:28AM,
by: Imran Khan